- World Wide
- International
- National
- State
- Union Territory
- Capital
- Social
- Political
- Legal
- Finance
- Education
- Medical
- Science & Tech.
- Information & Tech.
- Agriculture
- Industry
- Corporate
- Business
- Career
- Govt. Policy & Programme
- Health
- Sports
- Festival & Astrology
- Crime
- Men
- Women
- Outfit
- Jewellery
- Cosmetics
- Make-Up
- Romance
- Arts & Culture
- Glamour
- Film
- Fashion
- Review
- Satire
- Award
- Recipe
- Food Court
- Wild Life
- Advice
फाइलेरिया रोगी और एएनएम की छात्राओं को फाइलेरिया की दवा खिलवाकर डीएम ने किया सर्वजन दवा सेवन कार्यक्रम का शुभारंभ
- जिला भर में अभी हैं 5120 लोग फाइलेरिया से पीड़ित
- जिलाभर में 14. 25 लाख लोगों को खिलाई जाएगी फाइलेरिया की दवा : सिविल सर्जन
मुंगेर, 10 फरवरी-
फाइलेरिया के रोगी और एएनएम स्कूल की छात्राओं को अपने सामने फाइलेरिया की दवा खिलवाकर डीएम नवीन कुमार ने आज से 14 दिनों तक चलने वाले सर्वजन दवा सेवन (एमडीए) कार्यक्रम का शुभारंभ किया । इस अवसर पर सिविल सर्जन डॉ पीएम सहाय, एसीएमओ डॉ आनंद शंकर शरण सिंह, वेक्टर बोर्न डिजीज कंट्रोल ऑफिसर डॉ अरविंद कुमार सिंह, सीडीओ डॉ ध्रुव कुमार शाह, डीपीएम मो.फैजान आलम अशर्फी, डीसीएम निखिल राज, वेक्टर डिजीज कंट्रोल ऑफिसर संजय कुमार विश्वकर्मा, जिला वेक्टर बोर्न डिजीज कंसल्टेंट पंकज कुमार प्रणव, सभी डेवलपमेंट पार्टनर, डब्ल्यूएचओ, केयर इंडिया, पीसीआई और सीफार के प्रतिनिधि के अलावा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, कर्मचारी और प्रिंट, इलेक्ट्रोनिक मीडिया के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
इस मौके पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए डीएम नवीन कुमार ने बताया कि मुंगेर सहित पूरे राज्य को फाइलेरिया मुक्त बनाने के लिए राज्य सरकार, स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन के द्वारा लगातार कार्य किए जा रहे हैं। शुक्रवार से अगले 14 दिनों तक चलने वाले सर्वजन दवा सेवन के दौरान आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी सेविका- सहायिका के द्वारा घर- घर जाकर दो वर्ष से अधिक उम्र के सभी लोगों को फाइलेरिया की दवा खिलाई जाएगी। इस दौरान सिर्फ गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं और गंभीर रूप से बीमार लोगों को फाइलेरिया की दवा नहीं खिलानी है। उन्होंने बताया कि इस बार राज्य सरकार के द्वारा आशा कार्यकर्ता और आंगनबाड़ी सेविका - सहायिका के लिए मानदेय भी देने का प्रावधान किया गया है। ताकि उनको प्रोत्साहित किया जा सके और कार्य के प्रति उनका मनोबल ऊंचा हो। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष 2022 के एनालिसिस के अनुसार जिला में फाइलेरिया के रोगियों की संख्या में कमी आई है। बावजूद इसके अभी भी जिला में फाइलेरिया के 5000 से अधिक केस हैं । जिला को फाइलेरिया मुक्त बनाने के लिए आवश्यक है कि सभी लोग निश्चित रूप से फाइलेरिया की दवा का सेवन करें, ताकि सरकार और हम सभी लोगों के द्वारा किया जाने वाला यह प्रयास सफल हो सके।
जिला भर में लक्षित कुल 14,25,623 लोगों को खिलाई जाएगी फाइलेरिया की दवा : सिविल सर्जन
इस अवसर पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए सिविल सर्जन डॉ.पीएम सहाय ने बताया कि जिला भर की कुल आबादी 16,77,204 में से 14,25,623 लोगों को फाइलेरिया की दवा खिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिए जिला भर में कुल 719 टीम का गठन किया गया है। इसके अलावा इस अभियान में कुल 963 आशा,221 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, 254 वोलेंटियर सहित कुल 1438 ड्रग एडमिनिस्ट्रेटर और 70 सुपरवाइजर लगाए गए हैं । उन्होंने बताया कि फाइलेरिया की दवा खाने के बाद आम तौर पर कुछ खास परेशानी नहीं होती है। बावजूद इसके किसी भी प्रतिकूल परिस्थितियों से निपटने के लिए कुल 10 रैपिड रिस्पॉन्स टीम (आरआरटी ) का गठन किया गया है। इनमें से 9 टीम प्रखंड स्तर पर और 1 टीम जिला स्तर पर काम करेगी।
संबंधित पोस्ट
Follow Us On
Subscibe Latest News
SUBSCRIBE US TO GET NEWS IN MAILBOX
लाइव क्रिकेट स्कोर
शेअर मार्केट
Ticker Tape by TradingView
Stock Market by TradingView

रिपोर्टर
The Reporter specializes in covering a news beat, produces daily news for Aaple Rajya News
Dr. Rajesh Kumar